Select Date:

रेत खदान का ठेका बीच में छोड़ा तो लगेगी पेनाल्टी:अब रेत खदान सरेंडर करना पड़ेगा महंगा

Updated on 06-02-2026 11:57 AM
भोपाल, अब रेत खदानों के ठेके बीच में छोड़ना या नियमों का उल्लंघन करना ठेकेदारों के लिए महंगा साबित होगा। सरकार ने अब उन ठेकेदारों पर लगाम लगाने की कोशिश की है, जो ठेका लेकर बीच में ही काम बंद कर देते हैं। नए नियम के अनुसार, टाइम लिमिट से पहले खदान सरेंडर करने पर ठेकेदार से पेनाल्टी भी वसूली जाएगी।

साथ ही यदि कोई माइन डेव्हलपर-कम-ऑपरेटर अपना ठेका बीच में ही सरेंडर करता है, तो उस खदान की जब दोबारा नीलामी होगी तो उसका आधार मूल्य हर साल 10 फीसदी की दर से बढ़ जाएगा। ठेकेदार ने स्वीकृत क्षेत्र से बाहर खुदाई की या समय पर पैसा जमा नहीं किया तो भी भारी पेनाल्टी लगेगी। इसके अलावा गंभीर गलती पाए जाने पर ठेकेदार और उसके पार्टनर को 3 साल के लिए ब्लैक लिस्ट भी कर दिया जाएगा।

राज्य सरकार ने रेत खनन, परिवहन और व्यापार नियम 2019 में बदलाव कर दिया है। खनिज विभाग द्वारा जारी नोटिफिकेशन के अनुसार, अब रेत खदानों के ठेके बीच में छोड़ना (सरेंडर) या नियमों का उल्लंघन करना ठेकेदारों के लिए महंगा साबित होगा। सरकार ने रेवेन्यू को होने वाले नुकसान और अवैध खनन पर लगाम कसने के लिए इस नियम में बड़े बदलाव किए हैं।

सरकार ने अब उन ठेकेदारों पर लगाम लगाने की कोशिश की है जो ठेका लेकर बीच में ही काम बंद कर देते थे। इससे सरकार को करोड़ों का नुकसान घाटा होता था। मध्य प्रदेश में 2023-24 की रेत नीति के अंतर्गत ठेके 5 साल के लिए दिए जाते हैैं। साथ ही नर्मदा नदी में मशीनों से रेत खनन पर पूरी तरह प्रतिबंध है। नए नियम के अनुसार, टाइम लिमिट से पहले खदान सरेंडर करने पर ठेकेदार से पेनाल्टी भी वसूली जाएगी।

एक साल से पहले खदान सरेंडर करने पर रोक

नए नियमों के मुताबिक, यदि कोई माइन डेव्हलपर-कम-ऑपरेटर अपना ठेका बीच में ही सरेंडर करता है, तो उस खदान की जब दोबारा नीलामी होगी तो उसका आधार मूल्य हर साल 10 फीसदी की दर से बढ़ जाएगा। इसे ऐसे समझ सकते हैं कि अगर किसी ने 2023 में 250 रुपए प्रति घनमीटर की दर से ठेका लिया और 2025 में छोड़ा तो नई नीलामी में रेत की शुरुआती कीमत 30 प्रतिशत बढ़कर 325 रुपए प्रति घनमीटर होगी।

इससे सरकार को होने वाले राजस्व नुकसान की भरपाई की जा सकेगी। नए नियम के मुताबिक, अब ठेकेदार मनमर्जी से जब चाहे ठेका नहीं छोड़ सकेंगे। नए नियम में अनुबंध के पहले एक साल तक खदान सरेंडर करने का आवेदन नहीं दिया जा सकेगा और इस अवधि के बाद अगर ठेकेदार खदान को छोड़ना चाहता है तो उसे इसके लिए 3 महीने पहले लिखित सूचना देनी होगी।

नए नियम के अनुसार, अनुबंध खत्म होने की अवधि के 6 माह पहले भी सरेंडर स्वीकार नहीं होगा। सबसे महत्वपूर्ण बदलाव यह किया गया है कि एक बार सरेंडर का आवेदन देने के बाद उसे वापस नहीं लिया जा सकेगा।

अवैध खनन पर 3 साल ब्लैक लिस्ट

सरकार ने साफ कर दिया है कि अगर ठेकेदार ने पर्यावरण नियमों का उल्लंघन किया। स्वीकृत क्षेत्र से बाहर खुदाई की या समय पर पैसा जमा नहीं किया तो भी भारी पेनाल्टी लगेगी। इसके अलावा गंभीर गलती पाए जाने पर ठेकेदार और उसके पार्टनर को 3 साल के लिए ब्लैक लिस्ट कर दिया जाएगा।

वे विभाग की किसी भी नीलामी में हिस्सा नहीं ले सकेंगे। नए नियम के अनुसार, खदान के अपसोट प्राइज को लेकर भी बदलाव किया गया है। अब रेत समूह की नीलामी के लिए प्रारंभिक बेस वेल्यू का निर्धारण खदानों में उपलब्ध कुल रेत की मात्रा के 250 गुना के बराबर होगा। हालांकि सरकार मांग के आधार पर इसमें बदलाव करने का अधिकार अपने पास सुरक्षित रखेगी।

ठेका निरस्त होने पर सिक्योरिटी की रकम होगी राजसात

नए नियम के अनुसार, यदि कोई ठेका निरस्त होता है तो टेकेदार की जमा की गई सुरक्षा राशि (सिक्योरिटी डिपोजिट) को जब्त कर लिया जाएगा और बकाया राशि की वसूली भू-राजस्व की बकाया रकम के तौर पर सख्ती से की जाएगी।

इसके अलावा ठेका हासिल करने वालों को इस नियम में थोड़ी सा राहत मिली है। पहले उसे सात दिनों में सिक्योरिटी डिपोजिट करना होता था लेकिन नए नियम में वह ठोस कारण बताकर 10 दिन का अतिरिक्त समय मांग सकता है। इसके अलावा टेंडर हासिल करने वाले ठेकेदार को बैंक गारंटी की वैधता अवधि देने का समय 180 दिन से बढ़ाकर 240 दिन कर दिया गया है।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 05 May 2026
भोपाल, राजधानी में साइबर ठगी का खतरनाक ट्रेंड सामने आया है, जहां ठगों ने खुद को सीबीआई का अधिकारी बताकर एक 75 वर्षीय सेवानिवृत्त व्यक्ति को डिजिटल अरेस्ट कर लिया। 24…
 05 May 2026
भोपाल, मोहन यादव सरकार प्रदेश के दस लाख दिव्यांगजनों के लिए पहली बार नीति बनाएगी। इस नीति के लागू होने के बाद सारे विभाग दिव्यांगजनों को लेकर एक प्लेटफार्म पर काम…
 05 May 2026
भोपाल, भोपाल की आदमपुर कचरा खंती में आग लगने के केस में सुप्रीम कोर्ट में आज (मंगलवार को) सुनवाई होगी। इस मामले में नगर निगम के जिम्मेदार अपना पक्ष रखेंगे। इससे…
 05 May 2026
भोपाल। बड़े तालाब के बोट क्लब पर चल रहीं नावों को लेकर पर्यटकों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। बरगी डैम में क्रूज डूबने की घटना के चार…
 05 May 2026
भोपाल। प्रदेश में भले ही अभी खाद की कमी नहीं है, मगर वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए सरकार सतर्कता बरत रही है। प्रदेश में किसानों को पात्रता के अनुसार दो बार…
 05 May 2026
भोपाल। प्रदेश के मौसम पर पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती सिस्टम का असर जारी है। सोमवार को प्रदेश के कई जिलों में कहीं-कहीं आंधी के साथ बारिश हुई। सागर, श्योपुर और दमोह…
 05 May 2026
भोपाल/रायपुर। बंगाल सहित तीन राज्यों में जीत पर भारतीय जनता पार्टी ने विजयोत्सव मनाया। प्रदेश भाजपा कार्यालय से लेकर जिलों में जश्न का माहौल रहा। कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ आतिशबाजी…
 05 May 2026
भोपाल। हमीदिया अस्पताल में पोस्टमार्टम और शवों को सुरक्षित रखने की व्यवस्था अब पूरी तरह बदलने वाली है। पिछले कई दशकों से बदहाली का दंश झेल रही मर्चुरी (शवगृह) को अब…
 05 May 2026
भोपाल। बंगाल में भाजपा की जीत से प्रदेश में पार्टी उत्साहित है तो दूसरी ओर मप्र से भाजपा के राज्य सभा सदस्य एल मुरुगन और जार्ज कुरियन विधानसभा चुनाव हार गए…
Advt.