8 सितंबर के उस सीक्रेट मिलिट्री ऑर्डर के पीछे किसका हाथ है?
- 8 सितंबर को बांग्लादेश सेना में कुछ गोपनीय ट्रांसफर और पोस्टिंग के आदेश जारी किए गए। इन आदेशों में ढाका की बेहद संवेदनशील 46वीं इंडिपेंडेंट इन्फैंट्री ब्रिगेड और एयर डिफेंस जैसी अहम यूनिट्स के कमांडर्स को बदल दिया गया।
- चर्चा है कि यह पूरा फेरबदल सेना प्रमुख जनरल वकार-उज़-जमान के पर कतरने और उनकी ऑपरेशनल शक्तियों को धीरे-धीरे सीमित करने के लिए किया गया है।
- हालांकि आदेश सेना प्रमुख के नाम से जारी हुए हैं लेकिन रिपोर्ट्स बताती हैं कि इसके पीछे प्रधानमंत्री के रक्षा सलाहकार ब्रिगेडियर (रिटायर्ड) एकेएम शमसुद्दीन इस्लाम का हाथ है जिन्हें प्रधानमंत्री तारिक रहमान का पूरा समर्थन प्राप्त है।
- 46वीं ब्रिगेड ढाका में स्थित देश की सबसे अहम सैन्य इकाई है, इसलिए यहाँ किसी नए अधिकारी की नियुक्ति का सीधा असर देश की सत्ता और सैन्य समीकरणों पर पड़ता है।
- नॉर्थ ईस्ट न्यूज के मुताबिक भले ही आधिकारिक दस्तावेजों में इसे नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया बताया जा रहा हो लेकिन टाइमिंग और कमांड की नब्ज पर हो रहे इन बदलावों ने यह साफ कर दिया है कि बांग्लादेश की सत्ता और सेना के बीच सब कुछ सामान्य नहीं है।


