भोपाल। स्वच्छ सर्वेक्षण-2026 के अंतर्गत सिटीजन फीडबैक की प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। ऑनलाइन पोर्टल खुलते ही भोपाल को नंबर वन बनाने के लिए नागरिकों ने फीडबैक देना शुरू कर दिया है। यह प्रक्रिया शहर की स्वच्छता रैंकिंग निर्धारित करने में निर्णायक भूमिका निभाएगी, क्योंकि इसी फीडबैक के आधार पर अगले महीने केंद्र सरकार की टीमें भोपाल की जमीनी सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करने आएंगी।
दरअसल, राजधानी में स्वच्छ सर्वेक्षण की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और सर्वेक्षण के अंतिम चरण मई माह में दिल्ली की टीमें भोपाल आएंगी और सिटीजन फीडबैक के आधार पर शहर की सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करेंगी। इसके बाद देशभर के शहरों का रिजल्ट जारी होगा।
हर बार की तरह इस बार भी भोपाल नगर निगम ने नंबर वन का दावा किया है। इसके लिए पब्लिक फीडबैक ज्यादा से ज्यादा चाहिए। फीडबैक के दौरान सफाई व्यवस्था से जुड़े 13 सवालों के जवाब देने होंगे। शनिवार को पब्लिक फीडबैक की साइट खुलते ही महापौर मालती राय, सांसद आलोक शर्मा सहित विधायक और दूसरे जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने मोबाइल से फीडबैक दिया। अब शहरवासियों की जिम्मेदारी है कि वह भी अपने भोपाल के लिए वोट करें।
शहर की सफाई व्यवस्था पर नजर रखने के लिए नगर निगम अधिकारी फील्ड में उतर आए हैं। शनिवार को निगम कमिश्नर संस्कृति जैन ने जोन 19 के इलाकों का जायजा लिया। कमिश्नर ने 106 अधिकारी-कर्मचारियों को नोडल नियक्ति किया है, लेकिन इनमें से 40 ही फील्ड में उतरे।