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'मोजतबा खामेनेई जिंदा हैं या नहीं' डोनाल्ड ट्रंप के बयान के बाद सामने आया ईरानी सुप्रीम लीडर का बयान

Updated on 30-03-2026 11:24 AM
तेहरान: ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई ने अमेरिका और इजरायल के खिलाफ लड़ाई में समर्थन के लिए इराक के लोगों और धार्मिक नेताओं का शुक्रिया अदा किया है। खामेनेई ने कहा कि इराकी जिस तरह से मुश्किल घड़ी में हमारे साथ खड़े हैं, उसके लिए हम आभारी हैं। ईरानी नेता के संदेश को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जवाब माना जा रहा है क्योंकि उन्होंने खामेनेई की सेहत पर गंभीर सवाल खड़े किए थे।

ईरानी सरकारी मीडिया ने रविवार को मोजतबा खामेनेई के संदेश के बारे में जानकारी दी है। खामनेई बीते करीब एक महीने से देखे नहीं गए हैं। ऐसे में डोनाल्ड ट्रंपने कहा था कि ईरान के नव-नियुक्त सर्वोच्च नेता मोजतबा या तो मारे जा चुके हैं या फिर उनकी हालत बेहद गंभीर है। इसके बाद उनका इराकी लोगों के नाम संदेश सामने आया है।

डोनाल्ड ट्रंप ने क्या कहा है

डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि मोजतबा खामेनेई की लंबी चुप्पी से लगता है कि वह जीवित नहीं हैं। किसी ने उनसे कोई संपर्क नहीं किया है। ऐसे में मुझे लगता है कि वह शायद मर चुके हैं। ट्रंप के दावे के जवाब में तेहरान की ओर से खामनेई की सेहत पर कोई सीधा दृश्य प्रमाण नहीं आया है। इराक को भेजे गए मोजतबा के संदेश को मीडिया में जारी किया गया है।अमेरिका-इजरायल के हमले में अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद मोजतबा खामेनेई ने ईरान के सर्वोच्च नेता का पद संभाला है। अली खामेनेई के बेटे मोजतबा अपनी अपनी नियुक्ति के बाद से एक बार भी सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए हैं। अब तक उनके नाम से जारी किए गए सभी बयान मीडिया पर ही जारी किए गए हैं।

घायल हुए थे मोजतबा खामेनेई

अली खामेनेई पर हुए हमले के दौरान मोजतबा घायल हुए थे। उनके घायल होने और फिर सार्वजनिक रूप से सामने ना आने ने उनके बारे में अटकलों को हवा दी है। कई रिपोर्टों से पता चलता है कि मोजतबा की सेहत का मामला डोनाल्ड ट्रंप की खुफिया ब्रीफिंग में भी उठा है। अमेरिकी अधिकारी ईरान के इस मामले का ध्यान रख रहे हैं।
अमेरिका और इजरायल ने 28 फरवरी को ईरान पर हमला किया था। इसके बाद से लगातार लड़ाई चल रही है। एक महीने से ज्यादा समय से चल रही इस लड़ाई से दुनिया का बड़ा हिस्सा प्रभावित है। पश्चिम एशिया के देश सीधेतौर पर इस लड़ाई से खुद को प्रभावित पा रहे हैं। वहीं दुनियाभर में इसके आर्थिक प्रभाव दिख रहे हैं।

युद्ध का ताजा अपडेट

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को युद्ध में तेजी लाने का संकेत देते हुए कहा है कि वह ईरान का तेल अपने कब्जे में लेना चाहते हैं और खार्ग द्वीप पर नियंत्रण कर सकते हैं। यह वही द्वीप है, जहां से ईरान का ज्यादातर तेल निर्यात होता है। उनका बयान ऐसे समय आया है, जब संभावित जमीनी हमलों के लिए हजारों की तादाद में अमेरिकी सेना पश्चिम एशिया पहुंच चुकी है।

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