Select Date:

भोपाल मेट्रो परियोजना फिर लेट, तय समय सीमा से पिछड़ी भूमिगत टनल की खोदाई

Updated on 26-05-2026 12:27 PM

भोपाल। राजधानी में मेट्रो परियोजना को लेकर किए जा रहे तेज रफ्तार विकास के दावों के बीच भूमिगत कॉरिडोर निर्माण की वास्तविक स्थिति सवालों के घेरे में आ गई है। भोपाल रेलवे स्टेशन से पुल पातरा तक बनने वाले पहले अंडरग्राउंड कॉरिडोर का काम तय समय सीमा से काफी पीछे चल रहा है।

मध्य प्रदेश मेट्रो रेल कार्पोरेशन लिमिटेड ने मार्च में सुरंग निर्माण शुरू करते समय मई अंत तक पहले चरण का काम पूरा करने का लक्ष्य रखा था, लेकिन अब तक खोदाई आधी दूरी भी तय नहीं कर सकी है।

400 मीटर टनल का काम धीमी रफ्तार में

पुल पातरा से सिंधी कॉलोनी तक करीब 3.39 किलोमीटर लंबी ट्विन टनल बनाई जानी है। इसके लिए 30 मार्च को भोपाल रेलवे स्टेशन के पास 75 फीट नीचे पहली टनल बोरिंग मशीन (टीबीएम) से खुदाई शुरू की गई थी। मेट्रो अधिकारियों ने शुरुआती चरण में तेजी से काम पूरा होने का दावा किया था, लेकिन दो महीने बाद भी मशीन लगभग 50 मीटर तक ही पहुंच सकी है।

सुरक्षा कारणों का हवाला

मेट्रो प्रबंधन का कहना है कि सुरक्षा मानकों से समझौता नहीं किया जा सकता, इसलिए टीबीएम की गति सीमित रखी गई है। वर्तमान में प्रतिदिन लगभग एक से डेढ़ मीटर तक ही खुदाई हो पा रही है। अधिकारियों के अनुसार भूमिगत संरचना और आसपास की संवेदनशील इमारतों को देखते हुए बेहद सावधानी के साथ काम किया जा रहा है।

ग्राउटिंग प्रक्रिया बनी बड़ी बाधा

सूत्रों के मुताबिक देरी की सबसे बड़ी वजह सुरंग निर्माण के बीच की जाने वाली ग्राउटिंग प्रक्रिया है। यह तकनीकी प्रक्रिया सुरंग को मजबूती देने और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जरूरी होती है। हालांकि इसके चलते टीबीएम को बार-बार रोकना पड़ रहा है, जिससे परियोजना की गति लगातार प्रभावित हो रही है।

दूसरी टीबीएम 75 फीट नीचे बंद

नियमों के तहत पहली टीबीएम के 50 मीटर तक आगे बढ़ने के बाद ही दूसरी मशीन को चालू किया जा सकता है। यही कारण है कि दूसरी टीबीएम के सभी पार्ट्स इंस्टॉल होने और उसे काफी पहले 75 फीट गहरे शाफ्ट में उतार देने के बावजूद अब तक संचालन शुरू नहीं हो पाया है। मशीन फिलहाल निष्क्रिय पड़ी है।

इंजीनियरों की बड़ी टीम भी नहीं दिला सकी रफ्तार

परियोजना में थाईलैंड सहित पुणे, सूरत, मुंबई, दिल्ली और कानपुर के 12 वरिष्ठ इंजीनियरों समेत करीब 50 विशेषज्ञों की टीम काम कर रही है। इसके बावजूद मेट्रो प्रबंधन तय समय पर काम पूरा करने में विफल नजर आ रहा है, जिससे परियोजना की समयसीमा और लागत दोनों पर असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 23 July 2026
जबलपुर, ऑनलाइन ठगी के मामलों की जांच में सुस्ती पर मप्र हाई कोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई है। जबलपुर निवासी 70 वर्षीय चैताली मित्रा से 6.25 लाख रुपए की साइबर ठगी…
 23 July 2026
भोपाल, 1991 बैच के आईएएस अशोक वर्णवाल मध्यप्रदेश के नए और कुल 35वें मुख्य सचिव होंगे। सरकार ने बुधवार देर रात 1990 बैच के वरिष्ठ आईएएस डॉ. राजेश राजौरा को सुपरसीड…
 23 July 2026
बड़ा तालाब में अतिक्रमणों को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने बुधवार को राज्य शासन और स्थानीय प्रशासन को कड़ी फटकार लगाई। एनजीटी ने कहा कि मामला 2020 से लंबित…
 23 July 2026
भोपाल, मध्यप्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के समापन पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सत्र में एक विनियोग विधेयक सहित 15 विधेयक पारित किए गए, जो जनकल्याण, सुशासन और…
 23 July 2026
भोपाल/ इंदौर/ग्वालियर, गाड़ी पर हूटर लगाकर वीआईपी रुतबा दिखाने का शौक मध्य प्रदेश में खूब सिर चढ़कर बोल रहा है। कोई नेता जैसा दिखना चाहता है तो कोई सड़क पर अलग…
 23 July 2026
भोपाल, भोपाल पुलिस कमिश्नर ने अरेरा हिल्स थाना प्रभारी सुनील शर्मा और आरक्षक नंदकिशोर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।बुधवार को कार्रवाई एक युवक की शिकायत पर की गई…
 23 July 2026
भोपाल, राष्ट्रीय चंबल अभयारण्य में अवैध रेत खनन के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश सरकारों को कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अदालत ने स्पष्ट…
 23 July 2026
भोपाल, नीट पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध…
 23 July 2026
भोपाल, मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं की जांच करने वाली मुख्य एजेंसी 'आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ' (EOW) की कार्यप्रणाली और मुकदमों के निपटारे की रफ्तार पर सवाल उठ रहे हैं।…
Advt.