मिडिल ईस्ट में फिर शुरू हो सकती है जंग
यह तैनाती ऐसे समय में की गई है, जब संघर्ष विराम के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ रहा है और एक बार फिर से युद्ध शुरू होने की आशंका जोर पकड़ने लगी है। हथियार भेजने के साथ ही इजरायल ने ईरान के पश्चिमी इलाके से UAE की तरफ छोटी दूरी की मिसाइलें लॉन्च करने की तेहरान की तैयारियों के बारे में रियल टाइम खुफिया जानकारी अबू धाबी से साझा की है।ईरान के हमलोंं का UAE पर असर
28 फरवरी से ईरान के खिलाफ अमेरिका और इजरायल के युद्ध के दौरान, तेहरान के जवाबी हमलों का खाड़ी देशों में सबसे ज्यादा असर UAE पर पड़ा था। रिपोर्टों के अनुसार, ईरान ने UAE के ऊपर 500 से ज्यादा बैलिस्टिक मिसाइलें और 2000 से ज्यादा ड्रोन लॉन्च किए थे। इनमें से ज्यादातर हमलों को रोक लिया गया, क्योंकि UAE ने एयर डिफेंस सिस्टम की तैनाती की थी। इसमें इजरायल से मिले उपकरण भी शामिल थे।ईरान के मिसाइल और ड्रोन हमलों के बड़े पैमाने की वजह से अमेरिका, इजरायल और खाड़ी देशों के पास मौजूद इंटरसेप्टर का भंडार कम हो गया है। इनमें कुछ आधुनिक इंटरसेप्टर की एक यूनिट की कीमत लाखों डालर है और उन्हें बनाने में महीनों लग सकते हैं।


